India vs Australia: भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच खेली जा रही टी20 सीरीज के चौथे मुकाबले में एक बार फिर भारतीय टीम की बल्लेबाजी की पोल खुल गई। पूरे 20 ओवर के मुकाबले में कोई भी बल्लेबाज ऐसा नहीं था, जो अर्धशतक लगा पाया हो। शुभमन ने टीम के लिए सबसे ज्यादा रनों का योगदान दिया, लेकिन उनकी पारी इतनी धीमी थी कि लगा ही नहीं कि वे टी20 मैच खेल रहे हैं। शुभमन गिल टी20 इंटरनेशनल में अब भारत के लिए बोझ बनते जा रहे हैं, लेकिन कप्तान सूर्यकुमार यादव भी कोई सख्त फैसला नहीं ले पा रहे हैं।
ऑस्ट्रेलिया के सामने भारत ने रखा 168 रनों का लक्ष्य
भारतीय टीम ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 8 विकेट पर 167 रन बनाए। सबसे बड़ी पारी शुभमन गिल ने खेली। उन्होंने 39 बॉल पर 45 रन बनाए। उनकी इस पारी में चार चौके और एक छक्का आया। उनका स्ट्राइक रेट केवल 117.95 का रहा। जिसे टी20 इंटरनेशनल में काफी खराब कहा जाएगा, खास तौर पर जब आप पारी का आगाज करने के लिए आए हों। शुभमन गिल ने जो गेंदें पहले खेलकर बर्बाद की, उसका खामियाजा भारत को भुगतना पड़ा और बाकी बल्लेबाज भी कुछ खास रन नहीं बना पाए।
गिल ना तो खुद बना रहे हैं रन और ना ही किसी और को आने दे रहे
शुभमन गिल ने जब से टी20 इंटरनेशनल में वापसी की है, उनका बल्ला नहीं चला रहा है, लेकिन वे लगातार खेल रहे हैं। कितने ही और बल्लेबाज हैं, जो ओपनिंग करते हुए और भी बेहतरीन पारी खेल सकते हैं, लेकिन गिल उनकी जगह घेरकर बैठे हुए हैं। इस पूरी सीरीज के दौरान गिल के बल्ले से रन नहीं बने। वहीं पारी का आगाज करते हुए इससे पहले संजू सैमसन ने शानदार बल्लेबाजी की है, लेकिन वे तो प्लेइंग इलेवन से ही बाहर कर दिए गए हैं।
प्लेइंग इलेवन से बाहर नहीं हो रहे गिल
कप्तान सूर्यकुमार यादव भी शुभमन गिल को प्लेइंग इलेवन से बाहर बैठाने का फैसला नहीं कर पा रहे हैं, क्योंकि गिल को सीरीज के लिए उपकप्तान बनाया गया है। अक्सर कम ही ऐसा होता है कि कप्तान और उपकप्तान प्लेइंग इलेवन से खुद ही बाहर हो जाएं। अब सीरीज का केवल एक ही मैच और बचा है, देखना होगा कि उसमें शुभमन गिल कैसी बल्लेबाजी करते हैं। उसके बाद बीसीसीआई की सेलेक्शन कमेटी को उनको लेकर कुछ ना कुछ फैसला करना होगा।















