माओवाद के पूर्ण सफाए के लिए केंद्र और राज्य सरकार द्वारा 31 मार्च 2026 की डेडलाइन तय की गई है। इससे पहले 29 मार्च को सुकमा में पुलिस और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ की सूचना आ रही है।
इसे 31 मार्च से पहले पुलिस की तरफ से बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार पोलमपल्ली थाना क्षेत्र के इलाके में नक्सलियों से जवानों की मुठभेड़ जारी है। इस दौरान जवानों को हथियार भी बरामद हुए हैं। एसपी किरण चव्हाण लगातार कर इसकी मॉनिटरिंग कर रहे हैं।
DRG टीम ने सर्च ऑपरेशन शुरू किया
पुलिस अधीक्षक, जिला सुकमा श्री किरण चव्हाण ने बताया कि जिला सुकमा के थाना पोलमपल्ली क्षेत्र अन्तर्गत जंगल पहाड़ी में माओवादियों की मौजूदगी की सूचना के आधार पर जिला सुकमा DRG टीम ने सर्च ऑपरेशन शुरू किया।
सर्च अभियान के दौरान सुबह से सुकमा DRG की टीम और माओवादियों के बीच रुक-रुक कर फायरिंग हुई है।मुठभेड़ स्थल का सर्च करने पर एक माओवादी का शव और हथियार बरामद हुआ है।
आत्मसमर्पण और पुनर्वास का अवसर अंतिम चरण में
पुलिस महानिरीक्षक, बस्तर रेंज श्री सुन्दरराज पट्टलिंगम ने कहा कि माओवादी कैडरों के सामने आत्मसमर्पण और पुनर्वास का अवसर अब अपने अंतिम चरण में है। इसे अपनाने के लिए उनके पास बहुत सीमित समय शेष है। उन्होंने अपील की कि माओवादी कैडर इस अवसर का समझदारी से लाभ उठाएं, हिंसा के मार्ग को त्यागें और समाज की मुख्यधारा में लौटकर एक शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन की शुरुआत करें ।
मुठभेड़ में मार गिराए गए माओवादी कैडर की प्रोफाइल
- PPCM मूचाकी कैलाश
- निवासी: पूलनपाड़ थाना चिंतलनार जिला सुकमा।
- रैंक : प्लाटून नं 31 सेक्शन कमांडर PPCM।
- इनाम राशिः 5 लाख
- आरोप: नागरिक हत्याएं, हमले, IED ब्लास्ट की साजिश में वांटेड।













