शनिवार की देर रात भूकंप के झटको से बस्तर के लोग दहशत में आ गए। रात करीब 11:31 पर 4.4 तीव्रता की भूकंप के झटके बस्तर संभाग मुख्यालय में महसूस किए गए। जगदलपुर मुख्य शहर और आडावाल में लोगों ने इस कंपन को सीधी तौर पर महसूस किया। कई लोग अपने घरों से बाहर भी निकल आए पर यह समय इतना कम था कि लोगों को रिएक्ट करने का मौका नहीं मिला।
ओड़िशा के कोरापुट में रहा भूकंप का केंद्र
सीस्मोलॉजी सेंटर रिपोर्ट के अनुसार भूकंप का केंद्र ओड़िशा के कोरापुट में रहा, जो बस्तर संभाग मुख्यालय से करीब 80 किलोमीटर की दूरी पर है जिसके कारण इसका असर बस्तर में भी महसूस किया गया। भूकंप मॉनिटरिंग ऐप से मिले डाटा के अनुसार इस भूकंप की तीव्रता तीव्रता 4.4 मापी गई है और इसका केंद्र जमीन से 5 किलोमीटर भीतर था, (Earthquake in Bastar) इस वजह से झटका काफी हल्के महसूस किए गए। अब तक भूकंप के कम्पन की वजह से किसी भी तरह के नुकसान की सूचना नहीं मिली है।
एक साल पहले भी आया था भूकंप
गौरतलब है कि, 10 साल पहले तक बस्तर कोरापुट सहित आसपास के क्षेत्र को भूकंप मुक्त जोन की तरह जाना जाता था, लेकिन बीते कुछ सालों में लगातार भूकंप के झटके बस्तर क्षेत्र में भी महसूस किए जा रहे हैं। इससे पहले अप्रैल 2024 में भी 2.6 तीव्रता का भूकंप कई क्षेत्रों में महसूस किया गया था। (Earthquake in Bastar) उस वक़्त भूकंप का केंद्र नजदीक था इसलिए पिछली बार ज्यादा कम्पन लोगों को महसूस हुऐ थे। विशेषज्ञों का कहना है कि आमतौर पर बस्तर के क्षेत्र के नजदीक भूकंप का केंद्र नोटिस किया जा रहा है, लेकिन इसकी तीव्रता काफी कम होती है। इस वजह से नुकसान की आशंका नहीं है फिर भी लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है।















