छत्तीसगढ़ के सीमावर्ती इलाकों में बुधवार शाम उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब अचानक धरती कांप उठी। पड़ोसी राज्य ओडिशा में आए भूकंप के झटके गरियाबंद जिले के मैनपुर और देवभोग क्षेत्रों तक महसूस किए गए, जिससे लोग घबरा कर घरों से बाहर निकल आए।
कालाहांडी रहा भूकंप का केंद्र
भारत सरकार के राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र के अनुसार, इस भूकंप की तीव्रता रिक्टर स्केल पर 4.1 दर्ज की गई। इसका केंद्र ओडिशा के कालाहांडी जिले में जमीन से लगभग 24 किलोमीटर गहराई में स्थित था।
7:42 बजे महसूस हुए झटके
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, शाम करीब 7:42 बजे करीब 3 सेकंड तक धरती में कंपन महसूस किया गया। इस दौरान तेज आवाज भी सुनाई दी, जिससे लोगों में दहशत फैल गई।
बारिश और बिजली के बीच आया झटका
देवभोग और आसपास के इलाकों में शाम से मौसम बदला हुआ था। बारिश और बिजली कड़कने के बीच आए इस भूकंप ने लोगों को और ज्यादा डरा दिया। कई जगहों पर जमीन पर रखी वस्तुएं हिलती नजर आईं।
लसीमावर्ती इलाकों में ज्यादा असर
ओडिशा सीमा से सटे मैनपुर, देवभोग और अमलीपदर क्षेत्रों में झटके स्पष्ट रूप से महसूस किए गए। सोशल मीडिया पर भी भूकंप को लेकर चर्चा तेज हो गई।
नुकसान की कोई सूचना नहीं
राहत की बात यह है कि प्रशासन और आपदा प्रबंधन विभाग के मुताबिक अब तक किसी भी तरह के जनहानि या संपत्ति नुकसान की सूचना नहीं मिली है। हालांकि कच्चे मकानों में हल्की दरारों की आशंका जताई जा रही है।
















