मिडिल ईस्ट में युद्ध का असर तेल और गैस की सप्लाई पड़ा है। गैस सप्लाई में संभावित रुकावट की खबरों ने भारतीय उपभोक्ताओं के बीच भी चिंता बढ़ा दी है। कई राज्यों में पेट्रोल पंपों पर लोगों की लंबी कतारें देखने को मिल रही है। उत्तर प्रदेश के रामपुर जनपद के समोदिया स्थित पेट्रोल पंप पर पेट्रोल और डीजल लेने के लिए ग्राहकों की लंबी कतारें देखने को मिलीं। बड़ी संख्या में किसान और वाहन चालक पेट्रोल पंप पर पहुंच गए, जिसके चलते पंप पर काफी भीड़ लग गई। पेट्रोल पंप पर पहुंचे किसानों ने कहा कि अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच बढ़ते तनाव और युद्ध की आशंकाओं को देखते हुए लोगों में तेल की कमी हो सकती है। इसी आशंका के चलते किसान और वाहन चालक पहले से ही डीजल और पेट्रोल लेने के लिए पेट्रोल पंपों पर पहुंच रहे हैं। किसानों का कहना है कि अगर तेल की सप्लाई प्रभावित होती है तो खेती-बाड़ी के कामों पर भी असर पड़ सकता है।
गैस के दाम बढ़े
Petrol-Diesel Shortage India वहीं, दूसरी ओर आज भारत सरकार ने घरेलू-कमर्शियल गैस के दामों में बढ़ोतरी कर दी है। देश भर में 14.2 किलोग्राम के घरेलू खाना पकाने वाले गैस सिलेंडर की कीमत में 60 रुपए और 19 किलोग्राम के कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमत में भी आज से 115 रुपए महंगा हो गया है। ऐसे में लोगों के बीच इस बात का डर है कि कहीं पेट्रोल-डीजल के रेट भी ना बढ़ जाएं या पेट्रोल-डीजल की किल्लत ना हो जाए। तो आपको केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने मीडिया को जानकारी दी है कि भारत में अभी ईंधन की पर्याप्त मात्रा उपलब्ध है।
भारत में खत्म होने वाला है पेट्रोल-डीजल?
दरअसल मध्य पूर्व में उथल-पुथल की स्थिति और वैश्विक ऊर्जा स्थिति में हो रहे बदलावों को ध्यान में रखते हुए पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने मौजूदा परिस्थितियों में देश की तैयारियों के बारे में मीडिया को अवगत कराया। जानकारी के अनुसार-भारत वैश्विक स्तर पर पेट्रोलियम उत्पादों का तीसरा सबसे बड़ा आयातक, चौथा सबसे बड़ा शोधक और पांचवां सबसे बड़ा निर्यातक है। देश में कच्चे तेल और पेट्रोल, डीजल और एटीएफ सहित प्रमुख पेट्रोलियम उत्पादों का पर्याप्त भंडार है, जिससे मध्य पूर्व से उत्पन्न होने वाली अल्पकालिक समस्याओं का निदान किया जा सके।
पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने दी जानकारी
यह भी बताया गया कि पिछले कुछ वर्षों में भारत ने ऊर्जा स्रोतों में विविधता लाकर अपनी आबादी के लिए ऊर्जा की उपलब्धता और सामर्थ्य सुनिश्चित की है। भारतीय ऊर्जा कंपनियों के पास अब ऐसे ऊर्जा स्रोतों तक पहुंच है जो होर्मुज जलडमरूमध्य से होकर नहीं गुजरते। ऐसे कार्गो उपलब्ध रहेंगे और होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने के दौरान आपूर्ति में अस्थायी रूप से होने वाली रुकावटों को दूर करने में मदद करेंगे।
24×7 नियंत्रण कक्ष स्थापित
देश भर में पेट्रोलियम उत्पादों की आपूर्ति और स्टॉक की स्थिति पर लगातार नज़र रखने के लिए मंत्रालय ने 24×7 नियंत्रण कक्ष स्थापित किया है। वर्तमान में, सरकार के पास पर्याप्त स्टॉक है। भारतीय उपभोक्ताओं के हितों की रक्षा करना हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। लगातार निगरानी के आधार पर, सरकार को उम्मीद है कि यदि आवश्यक हुआ तो स्थिति को और सुधारने के लिए चरणबद्ध तरीके अपनाए जा सकते हैं।
वहीं, भारत सरकार की फैक्ट चेक संस्था PIB Fact Check ने जानकारी देते हुए कहा है कि ”शल मीडिया पर वायरल एक इंस्टाग्राम रील के माध्यम से यह दावा किया जा रहा है कि ईरान की ओर से होर्मुज स्ट्रेट को बंद किए जाने के बाद भारत में पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति प्रभावित हो सकती है और इसके कारण पेट्रोल और डीजल की कीमत बढ़ने की उम्मीद है इसलिए लोगों को तुरंत पेट्रोल पंप पर जाकर अपनी गाड़ियों की टंकी फुल करवा लेनी चाहिए। यह दावा फर्ज़ी है।
देश में कच्चे तेल और पेट्रोल, डीजल और एटीएफ सहित प्रमुख पेट्रोलियम उत्पादों का पर्याप्त भंडार है, जिससे मध्य पूर्व से उत्पन्न होने वाली अल्पकालिक समस्याओं का निदान किया जा सके।
लोगों को तुरंत पेट्रोल पंप जाकर टंकी फुल कराने के लिए उकसाने वाले ऐसे संदेशों पर विश्वास मत कीजिए।प्रामाणिक जानकारी के लिए केवल आधिकारिक स्रोतों पर ही भरोसा कीजिए।
भारतीय ऊर्जा कंपनियों के पास ऐसे वैकल्पिक ऊर्जा स्रोत उपलब्ध है, जो होर्मुज स्ट्रेट से होकर नहीं गुजरते, जिससे संभावित अस्थायी आपूर्ति बाधाओं से निपटने में मदद मिल सकती है।
पेट्रोलियम उत्पादों की आपूर्ति और स्टॉक की स्थिति पर निरंतर नज़र रखने के लिए मंत्रालय द्वारा 24×7 नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है













