छत्तीसगढ़ मौसम अपडेट के अनुसार प्रदेश में अधिकतम तापमान में अगले दो दिनों के दौरान 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट हो सकती है। मौसम विभाग के मुताबिक फिलहाल एक द्रोणिका मध्य पाकिस्तान से राजस्थान, मध्यप्रदेश होते हुए छत्तीसगढ़ और दक्षिण ओडिशा तक बनी हुई है, जिसका असर प्रदेश के मौसम पर दिखाई दे रहा है। इसी सिस्टम की वजह से बादल, तेज हवा और गरज चमक की गतिविधियां बढ़ रही हैं।
शनिवार को राजनांदगांव प्रदेश का सबसे गर्म जिला रहा, जहां अधिकतम तापमान 46 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं रायपुर के लालपुर क्षेत्र में तापमान 42.8 डिग्री और माना एयरपोर्ट में 43.9 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। दूसरी ओर अंबिकापुर और पेंड्रारोड जैसे इलाकों में तापमान अपेक्षाकृत कम रहा। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि उत्तर और मध्य छत्तीसगढ़ के कई हिस्सों में गर्मी के साथ उमस भी लोगों की परेशानी बढ़ा सकती है।
बारिश और तेज हवा का अलर्ट
मौसम विभाग ने 31 मई को प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की बारिश और तेज हवाओं की संभावना जताई है। खासतौर पर रायपुर, दुर्ग, बिलासपुर, राजनांदगांव और उत्तर छत्तीसगढ़ के जिलों में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चल सकती है। कुछ इलाकों में गरज चमक के साथ वज्रपात का भी खतरा बताया गया है।
रायपुर शहर के लिए जारी पूर्वानुमान में आंशिक बादल छाए रहने और शाम के समय बारिश या आंधी की गतिविधि बढ़ने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने लोगों से खुले मैदान, पेड़ों और बिजली के खंभों के पास खड़े न रहने की अपील की है। किसानों को भी फसल और कृषि उत्पाद सुरक्षित स्थानों पर रखने की सलाह दी गई है क्योंकि तेज हवा और बारिश से नुकसान हो सकता है।
बढ़ेगी बिजली गिरने की आशंका
छत्तीसगढ़ मौसम अपडेट में यह भी कहा गया है कि प्रदेश में अगले पांच दिनों तक मौसम में उतार चढ़ाव बना रह सकता है। एक तरफ लोगों को भीषण गर्मी से थोड़ी राहत मिलेगी, वहीं दूसरी ओर मेघगर्जन और बिजली गिरने की घटनाएं बढ़ सकती हैं। मौसम विभाग ने दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे के बीच अनावश्यक रूप से बाहर न निकलने की सलाह दी है।
विशेषज्ञों का कहना है कि प्री मानसून गतिविधियां अब तेजी पकड़ रही हैं। यही वजह है कि दिन में तेज गर्मी और शाम के समय बादल, हवा और बारिश जैसी स्थिति बन रही है। स्कूल से लौटने वाले बच्चों, सड़क पर काम करने वाले मजदूरों और किसानों को मौसम में अचानक बदलाव से सावधान रहने की जरूरत है। ग्रामीण इलाकों में कच्चे मकान और टीन शेड वाले घरों को तेज हवा से नुकसान पहुंच सकता है।
अगले 5 दिनों तक छत्तीसगढ़ का मौसम
मौसम विभाग के सात दिन के पूर्वानुमान के अनुसार 1 जून से 5 जून तक भी प्रदेश के एक या दो स्थानों पर हल्की बारिश और गरज चमक की गतिविधियां जारी रह सकती हैं। उत्तर छत्तीसगढ़ और मध्य क्षेत्र में मौसम का असर ज्यादा दिखाई देने की संभावना है।
भारत राष्ट्रीय समाचार
हालांकि फिलहाल भारी बारिश का कोई बड़ा अलर्ट जारी नहीं किया गया है, लेकिन आंधी और वज्रपात को लेकर निगरानी रखने की सलाह दी गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि जून के पहले सप्ताह में मानसून पूर्व गतिविधियां और सक्रिय हो सकती हैं। ऐसे में लोगों को मौसम विभाग की एडवाइजरी पर नजर बनाए रखनी चाहिए। छत्तीसगढ़ मौसम अपडेट लगातार बदल रहा है और स्थानीय स्तर पर अचानक मौसम खराब होने की संभावना बनी हुई है।













