उत्तर प्रदेश के अलग-अलग शहरों में नीट परीक्षा के लिए परीक्षा केंद्र बनाए हैं। जहां पर सुरक्षा व्यवस्था के कड़े प्रबंध किए गए हैं। जहां एक ओर लखनऊ के 75 सेंटर्स में 35594 अभ्यर्थी तो वहीं, कानपुर के 41 केंद्रों में 20,484 अभ्यर्थी शामिल हो रहे हैं। अभ्यर्थियों को सभी परीक्षा केंद्रों में सिर्फ एडमिट कार्ड, आईकार्ड और तीन फोटो ले जाने की अनुमति दी गई है। परीक्षा केंद्रों की निगरानी के लिए हर केंद्र पर नोडल पुलिस अधिकारी, केंद्र प्रभारी पुलिस एवं कंट्रोल रूम प्रभारी नियुक्त किए गए हैं। लखनऊ में चेकिंग एवं फ्रिस्किंग के लिए हर 480 अभ्यर्थियों पर एक सब इंस्पेक्टर, दो कांस्टेबल और तीन महिला कांस्टेबल की तैनाती की गई है। इस दौरान कई केंद्रों पर ITBP और RAF जवानों को सुरक्षा व्यवस्था के लिए तैनात किया गया है।
छावनी में तब्दील हुआ लखनऊ
गौरतलब है कि, राजधानी लखनऊ के कुल 75 सेंटर्स पर नीट परीक्षा आयोजित की जा रही है। जहां चप्पे-चप्पे पर पुलिस और सुरक्षा के कड़े इंतजाम हैं। यहां के केंद्रों में 4 एसीपी, 205 एसआई, 335 महिला कांस्टेबल और 452 कांस्टेबल तैनात हैं जो कि परीक्षा केंद्रों की लगातार निगरानी कर रहे हैं। इसके अलावा केंद्रों पर 150 पुलिसकर्मी सिविल ड्रेस में भी तैनात किए गए हैं। बता दें कि, परीक्षा केंद्रों पर HHMD (Hand Held Metal Detector) के साथ कुल 150 कर्मचारी लगाए गए है।
शिक्षा मंत्री की अपील
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अभ्यर्थियों से बिना डरे और तनावमुक्त होकर परीक्षा देने की अपील की है। उन्होंने कहा कि, ‘राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए), राज्य सरकारों, जिला प्रशासन, शिक्षा जगत और छात्रों पर पूरा भरोसा है। आज करीब 22 लाख छात्र कुछ ही देर में नीट परीक्षा देने जा रहे हैं। उन्हें निडर होकर और बिना किसी चिंता के परीक्षा में शामिल होना चाहिए। वे निश्चित रूप से अच्छा प्रदर्शन करेंगे। मेरी ओर से सभी छात्रों को ढेर सारी शुभकामनाएं। कृपया भारत की नई पीढ़ी के भविष्य के साथ खिलवाड़ न करें। कोई भी इसे मज़ाक न बनाए।ऐसा कुछ भी न करें जिससे बच्चों के मानसिक स्वास्थ्य पर प्रभाव पड़े।’ पिछली घटनाओं को याद करते हुए वे बोले कि, ‘कम से कम यदि आप जिम्मेदार हैं, यदि आप स्वयं को भारत का सच्चा नागरिक मानते हैं, यदि आप भारत के लोगों का प्रतिनिधित्व करते हैं, तो कृपया जिम्मेदारी लें और बच्चों को और अधिक परेशानी न दें।’














