रायगढ़, 8 मई 2026/ शासन के निर्देशानुसार रायगढ़ जिले की सभी 550 ग्राम पंचायतों में आज “चावल महोत्सव” के साथ “रोजगार दिवस” एवं “आवास दिवस” का उत्साहपूर्ण आयोजन किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण एवं महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) से संबंधित लंबित समस्याओं का पंचायत, विकासखंड एवं जिला स्तर पर शत-प्रतिशत निराकरण सुनिश्चित करना रहा।

आवास दिवस के अवसर पर आयोजित ग्राम सभाओं में प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण सहित विभिन्न आवास योजनाओं के तहत स्वीकृत सभी आवासों को अधिकतम 90 दिनों के भीतर पूर्ण कराने हेतु विस्तृत कार्ययोजना साझा की गई। हितग्राहियों को उनके बैंक खातों में हस्तांतरित राशि की जानकारी दी गई तथा निर्माण कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए गए।
कार्यक्रम के दौरान स्व-सहायता समूहों की महिलाओं को निर्माण सामग्री आपूर्ति एवं आजीविका गतिविधियों से जोड़ने के लिए प्रोत्साहित किया गया। साथ ही प्रधानमंत्री आवास हितग्राहियों को वर्षा जल संचयन, रेन वाटर हार्वेस्टिंग एवं सोख्ता गड्ढा निर्माण के प्रति जागरूक किया गया। लंबित जियो-टैगिंग कार्यों को तत्काल पूर्ण करने के निर्देश भी दिए गए। रोजगार दिवस के अंतर्गत मनरेगा के तहत संचालित सभी कार्यों को मई माह के भीतर पूर्ण करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया। ग्रामीणों की मांग के आधार पर नए कार्य प्रारंभ करने पर भी चर्चा हुई, ताकि अधिक से अधिक ग्रामीण श्रमिकों को स्थानीय स्तर पर रोजगार उपलब्ध कराया जा सके।
*“नवा तरिया- आय के जरिया” अभियान को मिली गति*
“मोर गांव-मोर पानी-मोर तरिया” अभियान के तहत “नवा तरिया-आय के जरिया” कार्ययोजना पर विशेष चर्चा की गई। इसके अंतर्गत सभी क्लस्टर लेवल फेडरेशन को मई माह के भीतर तालाब निर्माण कार्य पूर्ण करने का लक्ष्य दिया गया। जल संरक्षण अभियान में जनप्रतिनिधियों एवं युवाओं की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।

*क्यू आर कोड से बढ़ी पारदर्शिता*
प्रशासन द्वारा योजनाओं में पारदर्शिता बढ़ाने हेतु डिजिटल पहल भी की गई है। अब अमृत सरोवर एवं नागरिक सूचना पटलों पर लगाए गए क्यू आर कोड को स्कैन कर नागरिक प्रधानमंत्री आवास योजना एवं मनरेगा कार्यों की विस्तृत जानकारी प्राप्त कर सकेंगे। आजीविका डबरी के माध्यम से “लाइवलीहुड लेयरिंग” योजना को अंतिम रूप दिया गया तथा सूचना पटलों पर स्व-सहायता समूह की महिलाओं के नाम भी अंकित किए गए। सुशासन तिहार अंतर्गत पुसौर विकासखण्ड के औरदा में आयोजित शिविर में क्लस्टर की सभी 22 पंचायतों के “पंचायत दर्पण” क्यू आर कोड का प्रदर्शन किया गया। जिसमें जनपद अध्यक्ष, कलेक्टर, सीईओ सहित अन्य जनप्रतिनिधियों एवं ग्रामीणों ने मोबाइल से क्यू आर कोड स्कैन कर योजनाओं की जानकारी प्राप्त की। इस पहल को ग्रामीणों, अधिकारियों एवं पंचायत प्रतिनिधियों ने मनरेगा में पारदर्शिता और सुशासन की दिशा में एक सराहनीय कदम बताया।















