दिल्ली के दर्दनाक और भयानक अग्निकांड को लोग भूल भी नहीं पाए थे कि फिर एक आग लगने की घटना सामने आई है। दिल्ली के तकिया काले खां में आग लगने से 30 झुग्गियां जलकर खाक हो गई हालांकि मौके दमकल की गाड़ी पहुंचकर आग पर काबू पा लिया। घटनास्थल पर समय पर पहुंचकर पुलिस ने 12 लोगों की जान को बचाया है। झुग्गी में आग कैसे लगी इसकी जांच की जा रही है, हालांकि अभी तक इसका सही कारण पता नहीं चल पाया है।
आधी रात को मची अफरा-तफरी, दमकल की गाड़ियां मौके पर
दिल्ली के तकिया काले खां इलाके में आग लगने से कम से कम 30 झोपड़ियां जलकर पूरी तरह जलकर राख हो गई। घटना की सूचना मिलते ही बड़े पैमाने पर बचाव अभियान चलाया गया और पुलिस ने 12 लोगों को खतरे वाले क्षेत्र से बाहर निकाला। एक अधिकारी ने बताया कि घटना में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। आग लगने का सही कारण अब पता नहीं चल पाया है।
दिल्ली अग्निशमन सेवा (डीएफएस) के अनुसार, ‘सोमवार रात 11 बजकर 22 मिनट पर आग लगने की सूचना मिलने के बाद दमकल की 24 गाड़ियों को मौके पर भेजा गया। अधिकारी ने कहा कि दमकल कर्मियों को आग पर काबू पाने में लगभग तीन घंटे लगे। डीएफएस ने कहा कि सोमवार देर रात 12 बजकर 55 मिनट तक आग बुझा दी गई, जिसके बाद शीतलन अभियान चलाया गया।
कबाड़ और ज्वलनशील सामग्री के कारण तेजी से फैली आग
एक पुलिस अधिकारी ने कहा कि आग उस क्षेत्र में लगी जहां पुराना फर्नीचर, लकड़ी और अन्य ज्वलनशील सामग्री रखी हुई थी, जिसके चलते घना धुआं फैल गया और दहशत पैदा हो गई कि आग आसपास के घरों में भी फैल जाएगी। अधिकारी ने कहा, ‘टीमों ने घर-घर जाकर निकासी की और परिवारों को प्रभावित क्षेत्र से दूर जाने के लिए राजी किया। समय पर हस्तक्षेप से, आग के और फैलने से पहले टीमों ने 12 लोगों को सुरक्षित रूप से बाहर निकाल लिया।’
घटना की सूचना मिलते ही अग्निशमन सेवा, बीएसईएस और दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए) की टीमें तुरंत मौके पर पहुंच गईं। सुरक्षा के लिहाज से वहां नौ एंबुलेंस भी तैनात की गईं। इसके साथ ही भीड़ को संभालने, लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने और आपातकालीन वाहनों के आने-जाने में कोई बाधा न हो इसके लिए अतिरिक्त पुलिस कर्मियों को बुलाया गया था।














