Naxal encounter वाराणसी से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आई है। वाराणसी में 30 लाख का इनामी नक्सली ढेर हो गया है। इनामी नक्सली की पहचान बृजेश गंझू उर्फ गोपाल सिंह के रूप में हुई है। वह झारखंड के प्रतिबंधित नक्सली संगठन तृतीय प्रस्तुति कमेटी (TPC) का कमांडर था। बृजेश गंझू उर्फ गोपाल सिंह को 8 साल पहले NIA ने टेरर फंडिंग केस में वांटेड घोषित किया था।
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किसने कितना इनाम घोषित किया था?
नक्सली कमांडर बृजेश गंझू उर्फ गोपाल सिंह पर झारखंड सरकार ने 25 लाख रुपए और NIA ने 5 लाख रुपए का इनाम घोषित किया था। इस तरह नक्सली कमांडर पर कुल 30 लाख रुपए का इनाम घोषित था।
क्या है पूरा मामला?
20 सितंबर की सुबह झारखंड के प्रतिबंधित नक्सली संगठन तृतीय प्रस्तुति कमेटी (TPC) का कमांडर बृजेश गंझू उर्फ गोपाल सिंह वाराणसी के रामनगर थाना क्षेत्र के लंका मैदान में टेंगरा मोड़ से रामनगर होते हुए मुगलसराय जाने वाले रास्ते पर अपने एक साथी के साथ मोटरसाइकिल से मुगलसराय की तरफ जा रहा था।
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मुखबिर की सूचना पर उसको रोककर गिरफ्तार करने का प्रयास किया गया लेकिन वह रुकने के बजाय गाड़ी से कूदकर पुलिसवालों पर फायर करने लगा। पुलिस की क्रॉस फायरिंग में नक्सली को गोली लगी। इस दौरान यूपी ATS के डिप्टी एसपी विपिन राय और हेड कांस्टेबल नितेंद्र कृष्ण के बुलेट प्रुफ जैकेट पर भी बदमाश द्वारा फायर की गई। हालांकि वह बाल-बाल बच गए। गोली से घायल नक्सली को हॉस्पिटल ले जाया गया लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
झारखंड पुलिस के प्रवक्ता का सामने आया बयान
झारखंड पुलिस के प्रवक्ता और IG ऑपरेशन्स नरेंद्र सिंह का भी इस मामले में बयान सामने आया है। उन्होंने कहा, “हमें IG STF से जानकारी मिली है कि आज सुबह वाराणसी में एक मुठभेड़ में बृजेश गंझू, उर्फ गोपाल सिंह को मार गिराया गया। बृजेश गंझू पर 30 लाख रुपये का इनाम था। वह झारखंड में प्रतिबंधित संगठन ‘तृतीय प्रस्तुति कमिटी’ (TPC) का प्रमुख था। NIA ने उसे कई मामलों में वॉन्टेड घोषित किया था।”
मुठभेड़ की सूचना पर वाराणसी के काशी जोन के अधिकारी अस्पताल पहुंच गए हैं।
Naxal encounterइससे पहले छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में सुरक्षाबलों ने पांच लाख की इनामी नक्सली को ढेर किया था। मुठभेड़ में मारी गई महिला नक्सली की पहचान एरिया कमेटी सदस्य रूपी के रूप में हुई थी। (रिपोर्ट- वाराणसी से अश्विनी त्रिपाठी)














